चंडीगढ़ से बड़ी खबर —
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज हरियाणा के दिवंगत IPS अधिकारी वाई. पूरन कुमार के परिवार से मुलाकात की।
परिवार से मिलने के बाद राहुल गांधी ने तीखा बयान देते हुए कहा कि,
“ये दलित परिवार है, और सालों से भेदभाव झेल रहा है। इस अधिकारी का अपमान करने, उसे हतोत्साहित करने और उसके करियर को नुकसान पहुंचाने के लिए कुछ अन्य अधिकारी काम कर रहे थे।”
राहुल गांधी ने इस घटना को केवल एक परिवार का नहीं, बल्कि पूरे देश के करोड़ों दलितों से जुड़ा मामला बताया। उन्होंने कहा —
“गलत संदेश जा रहा है कि अगर आप दलित हैं तो चाहे कितने भी सफल हो जाएं, आपको दबाया, कुचला या फेंका जा सकता है।”
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को सीधा संदेश देते हुए कहा —
“आपने इस परिवार से जो वादे किए हैं, उन्हें पूरा कीजिए। दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई कीजिए, गिरफ़्तारी कीजिए।”
📍 इस मुलाकात के दौरान राहुल गांधी ने परिवार को भरोसा दिलाया कि कांग्रेस न्याय की लड़ाई में उनके साथ खड़ी है।
वहीं कांग्रेस के प्रदेश नेताओं ने भी मांग की कि IPS वाई. पूरन कुमार की आत्महत्या की जांच न्यायिक आयोग से कराई जाए।
यह मुद्दा अब राष्ट्रीय स्तर पर राजनीतिक रंग ले चुका है — एक ओर सरकार से जवाबदेही की मांग, तो दूसरी ओर दलित अधिकारों को लेकर सियासी टकराव तेज़।
