बदायूं, 25 अप्रैल। जनपद बदायूं के सभी विकास खंडों के 20-20 चयनित गांवों में आज मृदा नमूना एकत्रीकरण अभियान के द्वितीय चरण का आयोजन किया गया। अभियान के अंतर्गत कृषि विभाग के कर्मचारियों द्वारा प्रत्येक गांव में किसानों से मृदा नमूने एकत्र किए गए, जिन्हें जांच के लिए मृदा परीक्षण प्रयोगशाला में भेजा जाएगा। परीक्षण के उपरांत किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड प्रदान किए जाएंगे, जिससे वे अपने खेतों की उर्वरता और पोषक तत्वों की स्थिति के अनुसार खेती कर सकें।
अभियान के तहत विकास खंड दहगवां के ग्राम याकूबपुर में भी मृदा नमूना एकत्रीकरण कार्यक्रम संपन्न हुआ। कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारी श्री मनोज कुमार (उप परियोजना निदेशक आत्मा), श्री इन्द्रजीत कुमार (अध्यक्ष मृदा परीक्षण प्रयोगशाला), श्री शकील ओमर (विषय वस्तु विशेषज्ञ) एवं न्याय पंचायत प्रभारी उपस्थित रहे। किसानों, कयदिक फराज एवं अशोक फराज के खेतों से मृदा के नमूने लिए गए तथा उन्हें मिट्टी की जांच के महत्व के विषय में विस्तार से जानकारी दी गई।
कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को अवगत कराया कि वे खरीफ सीजन में धान, मूंगफली और बाजरा जैसी फसलों की खेती करें। इसके लिए उपयुक्त बीज, जैविक खाद एवं मृदा स्वास्थ्य सुधार हेतु आवश्यक तत्वों का प्रयोग करने की सलाह भी दी गई। श्री मनोज कुमार ने किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड का उपयोग कर वैज्ञानिक ढंग से खेती करने के लिए प्रेरित किया, जिससे उनकी उपज में वृद्धि संभव होगी।
मृदा स्वास्थ्य कार्ड मिलने के बाद किसान अपने खेतों में मृदा की वास्तविक आवश्यकता के अनुसार उर्वरकों का प्रयोग कर सकेंगे, जिससे उत्पादन में गुणात्मक और मात्रात्मक सुधार होगा।
